*असली संबंध* वह है, जिसमें तुम्हें किसी भूमिका का अभिनय न करना पड़े।
आकर्षण बहुत लोगों से हो सकता है,
बातचीत बहुत लोगों से हो सकती है,
लेकिन निष्ठा वहाँ जन्म लेती है, जहाँ स्वार्थ धीरे-धीरे समाप्त होने लगता है।
किसी व्यक्ति को सिर्फ इसलिए मत पकड़ो कि वह तुम्हें चाहता है,
और किसी पुराने संबंध को सिर्फ इसलिए मत छोड़ो कि कोई नया व्यक्ति तुम्हें आकर्षित करता है।
देखो—
कौन तुम्हारी स्वतंत्रता का सम्मान करता है?
कौन तुम्हारी कमजोरी में तुम्हें छोटा नहीं करता?
और सबसे जरूरी—
कौन तुम्हारे साथ रहते हुए तुम्हें तुम्हारे वास्तविक रूप में रहने देता है?
क्योंकि सच्चा संबंध वह नहीं, जो तुम्हें पूरा करने का दावा करे;
सच्चा संबंध वह है, जो तुम्हें अपने भीतर पूरा होने की स्वतंत्रता दे।
डॉ. धीर सिंह धाभाई
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13August 24, 2026 6.3K 3 15