एक दिन आएगा
एक दिन आएगा जब रामलला टेंट के अपमान से निकलकर भव्य मंदिर में प्रतिष्ठित होंगे।
एक दिन आएगा जब बस्तर के घने जंगलों तक से नक्सली समाप्त हो जाएंगे।
एक दिन आएगा जब बांग्लादेश की सीमाओं पर घुसपैठ रोकने के लिए फेंसिंग होगी।
एक दिन आएगा जब आतंकी हमले का जवाब पाकिस्तान पर मिसाइलें मारकर दिया जाएगा।
एक दिन आएगा जब कश्मीर में हर जुम्मे पर होने वाली पत्थरबाजी समाप्त हो जाएगी।
एक दिन आएगा जब धारा 370 का अहंकार समाप्त हो जाएगा।
एक दिन आएगा जब वोटबैंक का दबदबा समाप्त हो जाएगा।
एक दिन आएगा जब पाकिस्तान में बैठे आतंकी घात लगाकर मारे जाएंगे।
एक दिन आएगा जब इफ्तारी नहीं, देव दीपावली मनाई जाएगी।
एक दिन आएगा जब पाकिस्तान-बांग्लादेश के विस्थापित हिंदुओं को भारत की नागरिकता मिलेगी।
एक दिन आएगा जब 200 करोड़ वैक्सीन बिना घोटाले और बर्बादी के लगेंगी।
एक दिन आएगा जब शहरों के बीच की दूरी घंटों नहीं, मिनटों में सिमट जाएगी।
एक दिन आएगा जब ईरान-अमेरिकी युद्ध में स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने पर भी भारत में तेल-गैस की किल्लत नहीं होगी और कालाबाजारी नहीं होगी।
एक दिन आएगा जब देश में समान नागरिक संहिता होगी।
एक दिन आएगा जब भारत दुनिया का ग्रोथ इंजन कहलाएगा।
एक दिन आएगा जब वंदे मातरम् पूरा गाया जाएगा।
कभी यह सब होगा, यह सोचना स्वप्न जैसा ही था।
कभी कोई एक प्रधानमंत्री, कोई एक सरकार अपने कार्यकाल में अगर इनमें से कोई एक भी उपलब्धि हासिल कर लेती, तो भी उसका योगदान अमर हो जाता।
और हमने यह सारे बदलाव एक आदमी को मात्र पिछले 12 वर्षों में साकार करते देखा है।
जो बहुत जल्दी में हैं, बहुत छोटे दृष्टिकोण से देख रहे हैं, वे हमेशा दुखी थे, दुखी रहेंगे।
जानने वाले जानते हैं, यह सभ्यतागत लड़ाई है,
जिसमें इतिहास में पहली बार हम हावी पड़ रहे हैं।
ईश्वर, आपके नेतृत्व में हमें इस संघर्ष में निर्णायक जीत दिलाए।
आप शतायु हों,
और आपका लिया हर निर्णय इस राष्ट्र को चिरंजीवी बनाने में सहायक सिद्ध हो।
वंदे मातरम्...