समय जब बदलता है,
तो ताज पहने राजा को भी
सिंहासन छोड़ना पड़ता है,
और कल का साधारण व्यक्ति भी
सिंहासन तक पहुँच जाता है।
इसलिए अपने वैभव पर कभी
अहंकार मत करना, क्योंकि समय
किसी के लिए स्थायी नहीं होता।
आज जो तुम्हें तुच्छ समझकर ठुकरा रहे हैं, कल वही तुम्हारी सफलता का उदाहरण देंगे।
बुरे समय में धैर्य और अच्छे समय में विनम्रता रखो, क्योंकि समय देर से सही,
लेकिन हर व्यक्ति का हिसाब अवश्य करता है।





