*दीवार के उस पार भी लोग रहते हैं*
शिष्य थॉमसन
*यीशु कथा*
सूखी लकड़ियां बिनने आए हैं
आखिर रोटी खाकर मरने वाले हैं
मुझको एक रोटी तुम ला दो
परमेश्वर हम सब का जीवन दाता है।
*एलियाह विधवा के साथ उसकी कंगाली में रहा।*
*एलिशा अपनी कुटिया मैं सरल जीवन जीता रहा।*
फिलिप्पियों 3:19 उन का अन्त विनाश है, *उन का ईश्वर पेट है*, वे अपनी लज्ज़ा की बातों पर घमण्ड करते हैं, और *पृथ्वी की वस्तुओं पर मन लगाए रहते हैं।*
प्रेरितों के काम 14:22 ... *यह उपदेश देते थे* कि हमें *बड़े क्लेश उठाकर* परमेश्वर के राज्य में प्रवेश करना होगा।
आज सवाल है
मन कहां लगा है?
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4August 3, 2025 3.5K 4