तुमको मना कर....
कोई गजल सुना कर क्या करना,
यूँ बात बढा कर क्या करना..
तुम मेरे थे , तुम मेरे हो ,
दुनिया को बता कर क्या करना..
तुम साथ निभाओ "" चाहत ""से ,
कोई रस्म निभा कर क्या करना..
तुम खफा भी अच्छे लगते हो ,
फिर तुमको मना कर क्या करना..
March 10, 2026 803 2